कृषि आदान की समीक्षा बैठक, अवर्षा के चलते आकस्मिक कार्य योजना बनायें, कार्यालय प्रमुख मैदानी अमले के कार्यों की समीक्षा करें, दुग्ध उत्पादन समितियों को सुदृढ़ करें
छतरपुर / ब्यूरो
कलेक्टर शीलेन्द्र सिंह ने कहा कि अवर्षा के चलते कृषि विभाग आकस्मिक कार्य योजना बनायें तथा मशरूम की खेती को बढ़ावा दें। पशु-चिकित्सा दुग्ध उत्पादन समितियों को सुदृढ़ करें। इसके साथ ही मत्स्य विभाग ऐसे कृषकों जिनके पास तालाब है उन्हें मछली पालन कराने तथा इच्छुक हितग्राहियों को मनरेगा योजना से मछली पालन हेतु खेत तालाब बनवायें। कृषि आदान से जुड़े विभागों के कार्यालय प्रमुख मैदानी अमले के कार्यों की सतत् समीक्षा करें।
कलेक्टर श्री सिंह ने मंगलवार को कलेक्टर कक्ष में कृषि आदान की समीक्षा बैठक में उक्त विचार व्यक्त किये। बैठक में कृषि, उद्यानिकी, मत्स्य, पशुपालन, अभियांत्रिकी, बीज निगम, मार्कफेड, नागरिक आपूर्ति निगम, सहकारिता, उप पंजीयक सहकारिता, वेयरहाउस, आपूर्ति अधिकारी तथा बाट माप विभाग के निरीक्षक उपस्थित रहे।
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पशुपालन विभाग को जिले में दुग्ध उत्पादक समितियां गठित कराने तथा पशु टीकाकरण के स्थल पर हितग्राही पशु पालकों को जागरूक बनाने के लिये संगोष्ठी के जरिये उन्हे जानकारी दे और उनके लाभ भी बताएं। मैदानी अमला मुर्गी, गाय एवं भैंस पालन तथा बकरी पालन की योजना में लाभ कैसे लिया जा सकेगा की जानकारी दें। सभी मैदानी अमले के कार्यों की समीक्षा कार्यालय प्रमुख करे। उद्यान विभाग को अपने लक्ष्यों की पूर्ति समय सीमा में करने के निर्देश दिये गये। इसी तरह कृषि, पशुपालन, मत्स्य एवं उद्यानिकी विभाग के मैदानी अमले को कार्य क्षेत्र के ग्रामों में चौपाल लगाकर विभाग से संबंधित योजनाओ की उन्नत जानकारी देने एवं लगाई गई चौपाल के फोटोग्राफ्स विभागीय अधिकारियों के माध्यम से उन्हें प्रेषित कराने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने खाद उपलब्धता की समीक्षा करते हुये निर्देश दिये कि निर्धारित मूल्य से अधिक कीमत पर बिक्री न हो तथा जरूरत पर किसानों को खाद मिले। खाद विभाग की समीक्षा निर्देश दिये गये कि माह की 7 तारीख को मानाया जाने वाला अन्नउत्सव में अधिक से अधिक खाद्यान्न का वितरण करें। जो सेल्समेन अनियमिता करते पाये जाने पर उनके विरूद्ध कार्यवाही करें। किसान क्रेडिट कार्ड तेजी से बनाये जाएं।

