प्रमोद कुमार/महाराष्ट्र
ठाणे : देश में ऑनलाइन के जरिये ही खरीदारी करने के केंद्रीय स्वास्थ्य मंतालय की विज्ञापन वीडियो पर कॉन्फ़ेडरेशन ऑफ़ आल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) द्वारा कड़ा विरोध दर्ज़ करने के बाद स्वास्थ्य मंत्रालय ने वह विवादस्पद विज्ञापन वीडियो वापिस ले लिए हैl पत्रकारों से बात करते हुए कनफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) महाराष्ट्र उपाध्यक्ष एवं ठाणे जिला होलसेल व्यापारी वेलफेयर महासंघ अध्यक्ष सुरेश भाई ठक्कर ने बताया की केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने 20 अक्टूबर को ट्विटर एवं अन्य प्रचार माध्यमों के जरिये एक वीडियो जारी किया जिसमें लोगों से कोरोना से बचने के लिए ऑनलाइन शॉपिंग ही करने की सलाह दी गई थी जिसका संज्ञान लेते हुए कैट राष्ट्रीय अध्यक्ष बी सी भर्तियां राष्ट्रीय महामंत्री प्रवीण खंडेलवाल ने 20 अक्टूबर को ही श्री मनसुख माण्डवीय को पत्र के द्वारा देश भर के व्यापारियों की ओर से पुरजोर विरोध दर्ज़ करते हुए विज्ञापन वापिस लेने की मांग की थी ! यही नहीं कैट ने 23 अक्टूबर को इस विज्ञापन के विरोध में देश भर के व्यापारियों से अपील की थी की जब सरकार ही देशके व्यापारियों के व्यापार के खिलाफ काम कर रही है, ऐसे में व्यापारी भी आने वाले चुनावों में ऑनलाइन के जरिये वोट दें, यदि यह सुविधा उपलब्ध हो तो ! देश भर में इसका व्यापक असर हुआ और जिसको देखते हुए ही संभावित रूप से स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा यह विज्ञापन वापिस लिए गया ! कैट ई कॉमर्स के खिलाफ नहीं है किन्तु जिस प्रकार से अमेज़न, फ्लिपकार्ट एवं अन्य विदेशी कंपनियां ई कॉमर्स के नियम एवं कानूनों का उल्लंघन कर रहे हैं, उसके खिलाफ है और अब किसी भी हालत में भारत के व्यापार में विदेशी कंपनियों की दादागिरी नहीं चलने दी जायेगी यह कैट के राष्ट्रीय अध्यक्ष बी सी भर्तियां एवं राष्ट्रीय महामंत्री प्रवीण खंडेलवाल ने कहा।

