.धरमपुरा बीट के अंतर्गत जंगल मे गड्ढा बना कर करते थे शिकार
.घटनास्थल पर जानवरों की खाल और खून के मिले निशान
.वन परिक्षेत्र बिजावर में बढ़ते जा रहे हैं वन अपराध
बिजावर/ संववाददाता
वन परिक्षेत्र बिजावर में पहले तो लकड़ी माफ़ियायों का आतंक जारी था किन्तु अब लकड़ी चोरों के साथ साथ जंगली जानवरों के शिकारी भी सक्रिय हो गए है जिसे वनबिभाग रोकने में नाकाम साबित हो रहा है ।धरमपुरा बीट में पदस्थ वनरक्षक हमेशा नदारत रहते है जिसको लेकर जंगलो की अबैध कटाई और जंगली जानवरों का शिकार रातों रात किया जा रहा है ऐसे आरोप ग्राम वासियों ने लगाए।धरमपुरा बीट में शिकारी सक्रिय है जिसको लेकर आए दिन जंगली जानवरों का शिकार किया जा रहा है बीते रोज धरमपुरा वन समिति के अध्यक्ष बाबूलाल ने जंगल में जाकर देखा तो वहां जंगलो की अबैध कटाई के साथ किसी जंगली जानवर की खाल पूछ और खून से सनी हुई लकड़ी भी देखी और कुछ ही दूरी पर बने शिकारियों के गड़े जिसमे बैठकर शिकारी जंगली जानवरों का शिकार करते है इस दौरान वन समिति अध्यक्ष के साथ और भी ग्रामीण साथ मे थे जिन्होंने वन विभाग को सूचना दी और मौके पर वन अधिकारीओ के पहुँचने संवधि बीडियो भी बनाई जिसमे समिति अध्यक्ष यथास्थिति का बीडियो के माध्यम से बताना दिखाई दे रहा है जो बीडियो सोसल मीडिया पर बायरल भी हो रही है मगर वन विभाग शिकार से मना करते हुए तेंदुए के द्वारा आपस मे जंगली जानवर की लड़ाई करना के निशान ऐसा होना बता रहा है।फिलहाल वन विभाग के द्वारा मोके जाकर पंचनामा बनाकर जांच शुरू की है


