जबलपुर(सजल सिंघई)– कलेक्टर श्री कर्मवीर शर्मा ने आज वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से ग्रीष्मकालीन मूंग-उड़द फसलों की रकबा सत्यापन एवं उपार्जन के संबंध में सभी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये।
उन्होंने कहा कि राज्य शासन 15 जून से मूंग-उड़द की उपार्जन प्रक्रिया शुरू करने जा रही है इसके पूर्व मूंग-उड़द का सत्यापन कराना सुनिश्चित करें। साथ ही जिन किसानों ने पंजीयन करा लिया है उनका भी फील्ड में जाकर प्राथमिकता से सत्यापन करायें। कलेक्टर श्री शर्मा ने कहा कि मूंग-उड़द के सत्यापन के लिये खसरावार, ग्रामवार, विकासखंड क्षेत्राच्छादन की जानकारी कराकर एक डाटाबेस बनाये जिसके आधार पर सत्यापन सुगमता से किया जा सके। इस कार्य को एसडीएम अपने निगरानी में प्राथमिकता से करायें। तहसीलदार अपने सभी अमले के साथ सत्यापन कार्य में लग जाये। इसमें कृषि विभाग के अधिकारियों का भी सहयोग लिया जाये। ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी व कोटवार फील्ड में जाकर सत्यापन में सहयोग करें।
कलेक्टर श्री शर्मा ने कहा कि मूंग-उड़द के उपार्जन शुरू होने के पहले ही उपार्जन के लिये उपार्जन केन्द्रों का निर्धारण कर लिया जाये। उपार्जन केन्द्र किसी खाली गोदाम में हो और प्रतिदिन जितना उपार्जन होता है उतना परिवहन भी हो जाये। उपार्जन केन्द्रों में समुचित व्यवस्था हो, किसानों को भी सुविधा हो, सत्यापन के आधार पर फसल उपार्जन केन्द्रों पर पहुंचे, किसी दूसरे जिले की मूंग व उड़द न आये इसके लिये जिले के प्रवेश मार्ग पर चेकिंग पाइंट भी बनाये।
कलेक्टर श्री शर्मा ने कहा कि राजस्व एवं कृषि विभाग के मैदानी अमले द्वारा पंजीकृत कृषकों को उनकी मूंग-उड़द फसलों के खरीदी हेतु एसएमएस के माध्यम से सूचित किया जायेगा। उन्होंने जिले के समस्त किसान भाईयों से आग्रह किया गया है कि, वे मूंग एवं उड़द फसलों के भौतिक सत्यापन की कार्यवाही में राजस्व एवं कृषि विभाग के अमले को सहयोग प्रदान करे ताकि प्रक्रिया व्यवस्थित एवं सुचारू रूप से क्रियान्वित की जा सके। वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग के सभी संबंधित अधिकारी जुड़े थे।


